सूरजपुर। 27 जनवरी।
जिला मुख्यालय में स्थित जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय की भर्राशाही किसी से छुपी नहीं है मगर अब यह भर्राशाही 26 जनवरी जैसे राष्ट्रीय पर्व पर भी देखने को मिल रही है जहां अधिकारी ने अपने कार्यालय में झंडा फहराना भी उचित नहीं समझा। कार्यालय में तैनात एकमात्र बाबू भी इस अवसर पर नदारत रहा जिसके बाद अम्बिकापुर से पहुंचे एक प्राईवेट कंपनी के कर्मचारी ने आरटीओ कार्यालय में झंडा फहराया। इस दौरान नगर सैनिकों सहित आरटीओ एजेंट उपस्थित रहे।
ज्ञात हो कि राष्ट्रीय पर्व पर देशभर के शासकीय कार्यालयों में झंडा फहराया जाता है। सभी शासकीय कार्यालयों में संबंधित अधिकारी-कर्मचारियों द्वारा ध्वजारोहण कर झंडे को सलामी दी जाती है मगर इस अवसर पर 26 जनवरी को सूरजपुर कार्यालय में पदस्थ आरटीओ अधिकारी योगेश भंडारी तथा बाबू शेखर महिलांगे दोनों नदारत रहे। इस बात की जानकारी जब अम्बिकापुर से प्रतिदिन आना-जाना करने वाले चिप्स इंचार्ज आनंद तिवारी को हुई तो उन्होनें आरटीओ के एजेंटों के साथ मिलकर झंडा फहराने की योजना बनाई तथा कुछ ही देर में झंडा फहराकर उसे सलामी दी। जिले के परिवहन विभाग की इस लापरवाही को लेकर क्षेत्र में चर्चा का बाजार गर्म है वहीं आरटीओ के कार्यप्रणाली से प्रताड़ित लोगों द्वारा अब इस मामले की शिकायत कलेक्टर से करने की तैयारी की जा रही है।
ऐसे चलता है यहां काम
कार्यालय से जुड़े लोगों ने बताया कि हर सप्ताह यहां शुक्रवार को काम निपटाकर अधिकारी रायपुर चले जाते हैं तथा अधिकतर सोमवार को नहीं आते, मंगलवार को समय सीमा की बैठक का बहाना बनाकर फिर गायब हो जाते हैं। इसके बाद बचे हुए तीन दिन में अधिकारी व बाबू कार्यालय में बैठते हैं जिससे यहां का काम बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। मगर अब तो हद हो गयी जब साहब और बाबू दोनों राष्ट्र ध्वज तक फहराने नहीं आये।
Trending
- Rihand Times 05-06-2026
- तिल्दा की बेटी का कमाल, 23 साल की उम्र में दिल्ली पुलिस से लेकर रेलवे तक पास किए 19 एक्जाम
- Rihand Times 04-06-2026
- आ गई खुशखबरी, भारत में मानसून की धमाकेदार एंट्री
- बस से पकड़ा गया 2 करोड़ रुपए का 20 क्विंटल गांजा
- Rihand Times 03-06-2026
- इटली में पाकिस्तानियों को कार में बंद करके कौन जला रहा? 4 लोगों की मौत के बाद जांच जारी
- दिल्ली में नियम-कानून नहीं हैं क्या? होटल में जल गए 21 लोग, सोता रहा सिस्टम

