पाकिस्तान/ पाकिस्तान ने अफगानिस्तान पर सोमवार की रात बड़ी एयरस्ट्राइक की. काबुल स्थित एक अस्पताल में बमबारी कर मुनीर की सेना ने कत्लेआम मचा दिया. पाकिस्तान के इस नरसंहार पर अफगानिस्तान का खून खौल उठा है. अब अफगानिस्तानी तालिबान ने पाकिस्तान से बदला लेने की कसम खा ली है. तालिबान ने साफ-साफ कह दिया है कि पाकिस्तान से अब और बातचीत नहीं होगी. तालिबान सरकार अब पाकिस्तानी नरसंहार का बदला लेगी. दरअसल, पाकिस्तान ने काबुल के नशा मुक्ति केंद्र वाले अस्पताल पर हवाई हमला किया था. सोमवार रात को हुए इस हमले में 400 अफगान नागरिक मारे गए और 250 से अधिक घायल हैं.
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अफगान तालिबान ने पाकिस्तान की हालिया हवाई हमलों की कड़ी निंदा की है. अफगानिस्तान ने इस्लामाबाद पर नागरिकों वाली जगहों पर जानलेवा हमले करने और अफगान हवाई क्षेत्र का उल्लंघन करने का आरोप लगाया है. तालिबान के प्रवक्ता ज़बीहुल्ला मुजाहिद ने आरोप लगाया कि पाकिस्तानी सेना ने नागरिकों के बीच ‘आतंक और दहशत फैलाने’ के लिए जान-बूझकर अस्पतालों, स्कूलों और मदरसों को निशाना बनाया. हमले से पूरे हॉस्पिटल में बहुत ज्यादा तबाही हुई है.
तालिबान ने पाकिस्तान को धमकाया
पाकिस्तान की तीखी आलचोना करते हुए तालिबानी प्रवक्ता जबीहुल्ला मुजाहिद ने कहा कि पाकिस्तानी सेना उन तरीकों का इस्तेमाल कर रही है, जो मासूम नागरिकों के खिलाफ इजरायली सेना के ऑपरेशनों जैसे हैं. मुजाहिद ने दावा किया कि ये हमले कोई अलग-थलग सैन्य कार्रवाई नहीं थे, बल्कि आक्रामकता के एक लगातार पैटर्न का हिस्सा थे. उन्होंने यह भी कहा कि अफगान हवाई क्षेत्र का लगातार उल्लंघन किया जा रहा है.
तालिबान ने खाई बदला लेने की कसम
तालिबान का कहना है कि पाक की यह बमबारी पिछले कुछ महीनों की सबसे जानलेवा घटनाओं में से एक थी. उनके दावों के अनुसार, काबुल में हवाई हमलों में लगभग 400 लोग मारे गए और कई अन्य घायल हो गए. मुजाहिद ने कहा कि अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में एक नशा मुक्ति केंद्र पर हमला किया गया. इसके कारण वहां इलाज करवा रहे मरीजों की मौत हो गई. काबुल ने इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा की है. इसे एक ऐसा अपराध बताया है जो विश्व स्तर पर मान्यता प्राप्त मानवीय सिद्धांतों का उल्लंघन करता है. तालिबान अधिकारियों का कहना है कि इस तरह की कार्रवाई वैध सैन्य ऑपरेशनों के बजाय नागरिकों पर सीधा हमला है.

